एक पत्रकार चला गया…अपने ही साथी की मौत पर मीडिया की बेरहम चुप्पी, श्रद्धांजलि भी अब शायद स्पॉन्सर्ड कंटेंट बन चुकी है

एक पत्रकार चला गया…अपने ही साथी की मौत पर मीडिया की बेरहम चुप्पी, श्रद्धांजलि भी अब शायद स्पॉन्सर्ड कंटेंट बन चुकी है

यतीश व्यास 

कोटा। हमारे बीच का एक पत्रकार जार कोटा इकाई का सदस्य मुरली मनोहर शर्मा दुनिया छोड़ गया…
खबरें लिखने वाला खुद एक खबर बन गया, लेकिन अफसोस कि उसकी मौत पर संवेदनाओं की सुर्खियां भी नहीं बनीं।

पत्रकारों की भीड़ में सच्चे साथी कितने हैं, यह उस वक्त साफ हो गया जब कोटा जार संगठन और प्रेस क्लब कोटा को छोड़कर किसी ने दो शब्द की श्रद्धांजलि देना भी जरूरी नहीं समझा।
जिंदगी भर दूसरों की आवाज उठाने वाला पत्रकार, अपनी विदाई पर अधिकांश लोगों की खामोशी का शिकार हो गया।