आईटीआर भरते समय छोटी गलती भी पड़ सकती है भारी, एआईएस, 26एएस और टीआईएस से विभाग करता है स्वत: मिलान, गलत जानकारी पर आ सकता है नोटिस

आईटीआर भरते समय छोटी गलती भी पड़ सकती है भारी, एआईएस, 26एएस और टीआईएस से विभाग करता है स्वत: मिलान, गलत जानकारी पर आ सकता है नोटिस

कोटा। इनकम टैक्स रिटर्न भरना हर करदाता की जिम्मेदारी है, लेकिन जल्दबाजी या जानकारी के अभाव में की गई छोटी-सी गलती भी टैक्स नोटिस, रिफंड में देरी या अतिरिक्त टैक्स का कारण बन सकती है। सीए दीपक गोयल के अनुसार अब आयकर विभाग वार्षिक सूचना विवरण (एआईएस), प्रपत्र 26एएस, करदाता सूचना सारांश (टीआईएस) और अन्य वित्तीय आंकड़ों का मिलान स्वचालित रूप से करता है। इसलिए सही जानकारी देना पहले से कहीं अधिक महत्वपूर्ण हो गया है।

इनकम टैक्स रिटर्न भरते समय होने वाली 10 आम गलतियाँ-

1. गलत आयकर रिटर्न प्रपत्र का चयन करना अपनी आय के अनुसार सही आयकर रिटर्न प्रपत्र चुनना जरूरी है। गलत प्रपत्र चुनने पर रिटर्न अमान्य हो सकता है।
2. केवल वेतन प्रमाण-पत्र पर निर्भर रहना वेतन प्रमाण-पत्र के साथ वार्षिक सूचना विवरण (एआईएस), प्रपत्र 26एएस और करदाता सूचना सारांश (टीआईएस) का भी मिलान अवश्य करें।
3. सभी आय की जानकारी न देना बैंक ब्याज, सावधि जमा (एफडी) का ब्याज, लाभांश, पूंजीगत लाभ, किराया आय जैसी आय छिपाने से नोटिस आ सकता है।
4. गलत कर व्यवस्था चुन लेना पुरानी कर व्यवस्था और नई कर व्यवस्था की तुलना किए बिना विकल्प चुनना अतिरिक्त टैक्स का कारण बन सकता है।
5. गलत कर कटौती का दावा करना धारा 80सी, 80डी, मकान किराया भत्ता (एचआरए) या अन्य कर कटौतियों का दावा केवल पात्र होने पर ही करें। बिना प्रमाण के दावा करना जोखिमपूर्ण है।
6. पूंजीगत लाभ की गलत गणना शेयर, म्यूचुअल फंड या संपत्ति की बिक्री से हुए लाभ की सही गणना और रिपोर्टिंग करें।
7. बैंक खाते की गलत जानकारी भरना गलत बैंक खाता संख्या या आईएफएससी कोड भरने से आयकर रिफंड अटक सकता है।
8. आयकर रिटर्न का सत्यापन करना भूल जाना रिटर्न दाखिल करने के बाद उसका ई-सत्यापन करना अनिवार्य है, अन्यथा रिटर्न अधूरा माना जा सकता है।
9. स्रोत पर कर कटौती का मिलान न करना प्रपत्र 26एएस में दिखाई गई स्रोत पर कर कटौती (टीडीएस) की राशि और आयकर रिटर्न में दर्ज जानकारी समान होनी चाहिए।
10. अंतिम तारीख का इंतजार करना आखिरी समय में पोर्टल पर भीड़ या तकनीकी समस्या के कारण गलतियाँ होने की संभावना बढ़ जाती है।

सलाह-

आयकर रिटर्न भरने से पहले सभी दस्तावेज एकत्र करें। वार्षिक सूचना विवरण (एआईएस), प्रपत्र 26एएस और वेतन प्रमाण-पत्र का मिलान अवश्य करें।  सभी आय स्रोतों की सही जानकारी दें।  रिटर्न जमा करने के बाद ई-सत्यापन करना न भूलें।  किसी भी संदेह की स्थिति में कर विशेषज्ञ की सलाह लें।

आयकर रिटर्न भरते समय थोड़ी-सी सावधानी आपको टैक्स नोटिस, रिफंड में देरी और अनावश्यक जुर्माने से बचा सकती है। सही जानकारी, सही दस्तावेज और समय पर रिटर्न दाखिल करना ही सुरक्षित कर अनुपालन की कुंजी है।