कोटा: केडीए, वन विभाग और पुलिस कार्रवाई के विरोध में 25 जून को होगा प्रदर्शन, ग्रामीण क्षेत्रों के लिए स्पष्ट नीति बनाए सरकार- प्रहलाद गुंजल

कोटा: केडीए, वन विभाग और पुलिस कार्रवाई के विरोध में 25 जून को होगा प्रदर्शन, ग्रामीण क्षेत्रों के लिए स्पष्ट नीति बनाए सरकार- प्रहलाद गुंजल

यतीश व्यास 

कोटा। ग्रामीण क्षेत्रों में केडीए, वन विभाग और पुलिस की कथित ज्यादतियों के विरोध में 25 जून को कोटा में विशाल प्रदर्शन किया जाएगा। यह निर्णय हाड़ौती गुर्जर महासभा संस्थान की ओर से कोलाना ग्राम पंचायत मुख्यालय पर आयोजित बैठक में लिया गया। बैठक में पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल सहित 25 से अधिक गांवों के प्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद रहे।

महासभा के संरक्षक मन्नालाल गुर्जर और सदस्य धनराज चेची ने आरोप लगाया कि केडीए और वन विभाग की कार्रवाई से ग्रामीणों का जीवन प्रभावित हो रहा है तथा लोग अपने घरों के आसपास भी निर्माण कराने में असमर्थ हो गए हैं।

पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल ने कहा कि ग्रामीण परिवार पीढ़ियों से खेती और पशुपालन के सहारे जीवनयापन कर रहे हैं, लेकिन विभिन्न विभागों की कार्रवाई से उनके सामने संकट खड़ा हो रहा है। उन्होंने रामपुरिया गांव में भूमि पर हुई कार्रवाई और हाल ही में कोलाना गांव में निर्माणाधीन मकान को हटाने के प्रयास से ग्रामीणों में आक्रोश है।

गुंजल ने कहा कि यह केवल किसी एक समाज का नहीं, बल्कि सैकड़ों गांवों और हजारों ग्रामीणों के अधिकारों और अस्तित्व का मुद्दा है। उन्होंने सरकार से ग्रामीण क्षेत्रों के लिए स्पष्ट नीति बनाने तथा विवादों का स्थायी समाधान निकालने की मांग की। साथ ही 25 जून को प्रस्तावित प्रदर्शन में बड़ी संख्या में भाग लेने का आह्वान किया।

बैठक में पूर्व सरपंच रामलाल गुंजल, कोलाना सरपंच प्रतिनिधि हरि गुर्जर, राजस्थान गुर्जर महासभा के पूर्व अध्यक्ष राजेश बौड़, पूर्व पंचायत समिति सदस्य कल्याण गांगल, श्रवण गुर्जर, किरण लांगरी, हरचंद, रामरतन पटेल सहित अनेक वक्ताओं ने भी अपने विचार रखे।

बैठक में कोलाना, बोराबास, जमुनिया, धर्मपुरा, बंधा, लखावा, रेतिया चौकी, पाचनकुई, धींगधा समेत दर्जनों गांवों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और 25 जून के प्रदर्शन को सफल बनाने का संकल्प लिया।