कोटा: ट्रेन में बैठा और हो गया गायब, आखिर 6 दिन से कहां लापता है कोचिंग छात्र? रिपोर्ट के बाद भी जीआरपी के हाथ खाली

कोटा: ट्रेन में बैठा और हो गया गायब, आखिर 6 दिन से कहां लापता है कोचिंग छात्र? रिपोर्ट के बाद भी जीआरपी के हाथ खाली

यतीश व्यास

कोटा। शहर में कोचिंग कर रहे 18 वर्षीय छात्र ओमजी सिंह के लापता होने के 6 दिन बाद भी कोई सुराग नहीं मिलने से पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं। परिजनों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट जीआरपी थाना कोटा में दर्ज कराई, लेकिन अब तक छात्र का कोई पता नहीं चल सका है। 

जानकारी के अनुसार, गाजीपुर (उत्तरप्रदेश) निवासी ओमजी सिंह बीते एक वर्ष से कोटा में जेईई की तैयारी कर रहा था। 31 मार्च की शाम उसने अपने पिता रमेश कुमार सिंह से अंतिम बार बात की थी। उसने बताया था कि वह हॉस्टल से चेकआउट कर अपने दोस्तों प्रांजल सिंह, नितेश सिंह, शिवाकर गुप्ता और रोहित यादव के साथ न्यू कोटा रेलवे स्टेशन (डकनिया स्टेशन) पहुंचा है। बताया गया कि शाम करीब 5:30 बजे वह स्टेशन पहुंचा और हरिद्वार स्पेशल ट्रेन के जनरल कोच में बैठा। इसके बाद उसे 6:10 बजे कोटा-पटना ट्रेन से गाजीपुर के लिए रवाना होना था, लेकिन वह अपने गंतव्य तक नहीं पहुंचा। परिजनों ने कई बार उसके मोबाइल नंबर पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन फोन लगातार बंद आता रहा। 2 अप्रैल तक घर नहीं पहुंचने पर पिता कोटा पहुंचे और दोस्तों से लेकर संभावित स्थानों पर तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। 3 अप्रैल को जीआरपी थाना कोटा में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई गई।

थानों के बीच फंसी कार्रवाई- 

लापता छात्र के पिता ने सिटी एसपी से मिलने की कोशिश की, लेकिन मुलाकात नहीं हो सकी। इसके बाद विज्ञान नगर थाने में भी शिकायत दी गई, जहां पुलिस ने मामला जीआरपी के अधिकार क्षेत्र का बताते हुए हाथ खड़े कर दिए। पिता का कहना है कि रिपोर्ट के बाद भी अभी तक कोई कार्यवाही नहीं हुई। परिवार का आरोप है कि रिपोर्ट दर्ज होने के बावजूद जीआरपी की ओर से कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। हर गुजरते दिन के साथ चिंता बढ़ती जा रही है।

ऐसे में सवाल यह है कि आखिर कोचिंग नगरी से छात्र कैसे लापता हो गया और 6 दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली क्यों हैं?